लॉकडाउन की संभावना पर सीएम अरविंद केजरीवाल ने कही ये बात
दिल्ली (Delhi) के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) ने कहा कि शहर में कोरोना (Coronavirus) की चौथी लहर चल रही है. इसके बावजूद दिल्ली में लॉकडाउन लगाने की अभी कोई संभावना नहीं है. अगर ऐसी कोई स्थिति बनती है तो सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद ही इस आखिरी विकल्प पर फैसला लिया जाएगा.
सीएम अरविंद केजरीवाल ने की प्रेस वार्ता
सीएम केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली में कोरोना वायरस के मामले फिर से तेजी से फैल रहे हैं. ऐसे में इस महामारी पर अंकुश लगाने के लिए टेस्टिंग, ट्रेसिंग और आइसोलेशन पर जोर दिया जा रहा है. उन्होंने कहा कि दिल्ली के लोगों ने अब तक आ चुके कोरोना के तीन पीक को बखूबी संभाला है. इस चौथी लहर को भी हरा देंगे.
मास्क पहनने में ढिलाई न करें
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे मास्क पहनने में ढिलाई न करें और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें. इसके साथ ही सभी लोग बार-बार हाथ धोते रहें. .
दिल्ली में कोरोना की चौथी लहर- केजरीवाल
मुख्यमंत्री केजरीवाल ने कहा कि देश के लिए कोरोना की दूसरी लहर हो सकती है लेकिन दिल्ली के लिए चौथी लहर है. ये चिंता की बात है लेकिन इससे घबराने की जरूरत नहीं है. सरकार हालात की पूरी निगरानी कर रही है.
‘फिलहाल लॉकडाउन का विचार नहीं’
सीएम केजरीवाल ने स्पष्ट किया कि सरकार किसी तरह का लॉकडाउन करने का विचार नहीं कर रही है. भविष्य में भी लॉकडाउन की जरूरत होगी तो मामले के सभी पहलू देखे जाएंगे. उसके बाद ही कोई फैसला लिया जाएगा.
कोरोना से निपटने के लिए तैयार
कोरोना वायरस से निपटने के लिए पूरा प्लान तैयार कर लिया गया है. कब कब बेड बढ़ाए जाएंगे, इसकी पूरी योजना बन गई है. सरकार मोटे तौर पर 3 काम कर रही है. इनमें टेस्ट, ट्रेसिंग और आइसोलेशन सबसे अहम हैं. कंटेनमेंट जोन बनाकर बीमारी को रोकने की कोशिश हो रही है.
‘कम्यूनिटी सेंटर पर शुरू हो वैक्सीनेशन ‘
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने 1 अप्रैल से 45 साल के ऊपर के उम्र के लोगों को वैक्सीन की परमिशन दे दी है. केंद्र सरकार की गाइडलाइन है कि जहां भी वैक्सीन देंगे, वह हॉस्पिटल या चिकित्सा जैसी जगहों पर है. अब हम कम्यूनिटी सेंटर और स्कूलों में मास लेवल पर वैक्सीनेशन ड्राइव शुरू कर सकते हैं. इसके बारे में उचित व्यवस्था करेंगे. जहां भी वैक्सीनेशन करेंगे, वहां पर एंबुलेंस, फर्स्ट एड का इंतजाम करेंगे. उन्होंने कहा कि अगर केंद्र सरकार इस सुझाव पर अनुमति देती है तो दिल्ली सरकार वैक्सीनेशन के काम को और तेज कर सकती है.


























